IMD Rain Alert 2026: साल 2025 में असामान्य और रिकॉर्ड तोड़ बारिश देखने के बाद अब 2026 की शुरुआत भी मौसम के लिहाज़ से शांत नहीं रहने वाली है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने ताज़ा पूर्वानुमान जारी करते हुए बताया है कि जनवरी के अंतिम तीन दिन यानी 29, 30 और 31 जनवरी को देश के कई हिस्सों में मौसम का मिज़ाज बिगड़ा रह सकता है। कई राज्यों में तेज बारिश, आंधी-तूफान और पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी की प्रबल संभावना जताई गई है।
मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने और नमी से भरी हवाओं के असर के कारण यह बदलाव देखने को मिलेगा। इसका प्रभाव उत्तर भारत से लेकर दक्षिण भारत और तटीय क्षेत्रों तक महसूस किया जा सकता है।
उत्तर भारत में ठंड के साथ बारिश और बर्फबारी का असर
उत्तर भारत पहले से ही कड़ाके की ठंड की चपेट में है और अब आने वाले दिनों में हालात और कठिन हो सकते हैं। मौसम विभाग का अनुमान है कि पहाड़ी राज्यों में बारिश के साथ-साथ ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी होगी, जिससे तापमान में और गिरावट आ सकती है।
हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में बढ़ेगी सर्दी
हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 29 से 31 जनवरी के बीच कई स्थानों पर बारिश और ऊंचे इलाकों में बर्फ गिरने की संभावना है। बर्फबारी के कारण पहाड़ी सड़कों पर फिसलन बढ़ सकती है और यातायात बाधित हो सकता है। स्थानीय प्रशासन को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए गए हैं।
जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में खराब मौसम की चेतावनी
जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में भी मौसम बेहद चुनौतीपूर्ण रह सकता है। यहां भारी बर्फबारी और बारिश की वजह से सड़क मार्ग बंद होने, बिजली आपूर्ति बाधित होने और दैनिक जीवन पर असर पड़ने की आशंका है। यात्रियों को अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है।
मैदानी राज्यों में बदलेगा मौसम का मिज़ाज
उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में भी मौसम पूरी तरह से शुष्क नहीं रहेगा। कई राज्यों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है, जिससे ठंड और अधिक महसूस की जा सकती है।
पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में बारिश के आसार
पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में 29 से 31 जनवरी के बीच कुछ इलाकों में बारिश हो सकती है। इससे न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है और कोहरे की स्थिति भी गंभीर हो सकती है।
दिल्ली, बिहार और छत्तीसगढ़ में अलर्ट
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली सहित बिहार और छत्तीसगढ़ में विशेष रूप से 29 जनवरी को बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। बारिश के चलते दिन और रात के तापमान में कमी आ सकती है, जिससे ठंड का असर बढ़ेगा।
मध्य और पश्चिमी भारत में भी दिखेगा असर
मध्य प्रदेश, राजस्थान, तेलंगाना और कर्नाटक जैसे राज्यों में भी मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा। मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों में अच्छी बारिश की संभावना जताई है, जो फसलों और जनजीवन दोनों को प्रभावित कर सकती है।
राजस्थान के कुछ हिस्सों में जहां आमतौर पर जनवरी में शुष्क मौसम रहता है, वहां भी इस बार बारिश के संकेत मिल रहे हैं। इससे सर्द हवाओं का प्रभाव और तेज हो सकता है।
दक्षिण भारत में जारी रहेगा बारिश का सिलसिला
दक्षिण भारत में जनवरी के अंतिम दिनों में भी बारिश थमने का नाम नहीं ले रही है। केरल और तमिलनाडु सहित कई राज्यों में तेज बारिश और हवाओं का अलर्ट जारी किया गया है।
केरल में मूसलाधार बारिश की आशंका
केरल में लंबे समय से जारी बारिश एक बार फिर रफ्तार पकड़ सकती है। 29 से 31 जनवरी के बीच राज्य के कई जिलों में भारी वर्षा और तेज हवाएं चलने की संभावना है। इससे निचले इलाकों में जलभराव और यातायात संबंधी परेशानियां बढ़ सकती हैं।
तमिलनाडु में गरज-चमक के साथ बारिश
तमिलनाडु में इन तीन दिनों के दौरान तेज बारिश के साथ गरज-चमक और आंधी का अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग ने लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है।
तटीय और केंद्र शासित प्रदेशों में भी सतर्कता जरूरी
मौसम विभाग के अनुसार तटीय और द्वीपीय क्षेत्रों में भी मौसम का असर साफ तौर पर देखने को मिलेगा। पुडुचेरी, रायलसीमा, माहे, कराईकल, लक्षद्वीप और अंडमान-निकोबार द्वीप समूह में भारी बारिश की संभावना बनी हुई है।
समुद्री इलाकों में तेज हवाओं और ऊंची लहरों के कारण मछुआरों और तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।
लोगों के लिए जरूरी सलाह
IMD के इस ताज़ा अलर्ट को देखते हुए आम लोगों को मौसम से जुड़े अपडेट पर लगातार नज़र रखने की जरूरत है। बारिश और बर्फबारी के दौरान फिसलन, यातायात बाधा और बिजली कटौती जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं।
खासकर बुजुर्गों, बच्चों और बीमार व्यक्तियों को ठंड और खराब मौसम से बचाने के लिए अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए। पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा करने से पहले मौसम की स्थिति की पूरी जानकारी लेना बेहद जरूरी है।
निष्कर्ष
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग की चेतावनी साफ संकेत देती है कि जनवरी 2026 के अंतिम तीन दिन देश के कई हिस्सों के लिए चुनौतीपूर्ण साबित हो सकते हैं। कहीं भारी बारिश तो कहीं बर्फबारी और तेज हवाएं जनजीवन को प्रभावित कर सकती हैं। ऐसे में सतर्कता, सावधानी और समय पर जानकारी ही सबसे बड़ा बचाव है।









